Sunday, July 23, 2017
India's 1st Hindi SME Digital Media Platform
होम > MSME न्यूज़ > MSME मंत्रालय ने उद्यमियों को सम्मानित करते हुए मनाया अंतरराष्ट्रीय एमएसएमई दिवस, उद्योगों के डिजिटलीकरण के लिए लॉन्च की स्कीम और साइन किये MoUs

MSME मंत्रालय ने उद्यमियों को सम्मानित करते हुए मनाया अंतरराष्ट्रीय एमएसएमई दिवस, उद्योगों के डिजिटलीकरण के लिए लॉन्च की स्कीम और साइन किये MoUs


एमएसएमई मंत्रलाय द्वारा एमएसएमई की उपयोगिता और उसकी रुपरेखा को बताने के लिए इंटरनेशनल एमएसएमई डे पर राजधानी दिल्ली स्थित प्रवासी भारतीय केंद्र में एक समारोह का आयोजन इस दिन को मनाया गया। समारोह में एमएसएमई मंत्री कलराज मिश्र, एमएसएमई राज्य मंत्री गिरिराज सिंह, एमएसएमई राज्य मंत्री कलराज मिश्र, हरिभाई पार्थीभाई चौधरी, हरिभाई पार्थीभाई चौधरी, एमएसएमई सेक्रेटरी के. के. जालान, एमएसएमई अतिरिक्त…


एमएसएमई मंत्रलाय द्वारा एमएसएमई की उपयोगिता और उसकी रुपरेखा को बताने के लिए इंटरनेशनल एमएसएमई डे पर राजधानी दिल्ली स्थित प्रवासी भारतीय केंद्र में एक समारोह का आयोजन इस दिन को मनाया गया।

समारोह में एमएसएमई मंत्री कलराज मिश्र, एमएसएमई राज्य मंत्री गिरिराज सिंह, एमएसएमई राज्य मंत्री कलराज मिश्र, हरिभाई पार्थीभाई चौधरी, हरिभाई पार्थीभाई चौधरी, एमएसएमई सेक्रेटरी के. के. जालान, एमएसएमई अतिरिक्त सचिव और डेवलपमेंट कमिश्नर एस एन त्रिपाठी तथा एनएसआईसी सीएमडी रविन्द्र नाथ आदि उपस्थित रहे।

इस मौके पर एमएसएमई मंत्री कलराज मिश्र द्वारा 56 एमएसएमई इकाईयों व बैंकों को राष्ट्रीय पुरस्कार से नवाजा गया।

एमएसएमई इकाइयों को पांच श्रेणियों नवप्रवर्तन, उत्कृष्ट उद्यमिता, लीन विनिर्माण तकनीक, गुणवत्ता उत्पाद में राष्ट्रीय पुरस्कार दिया गया है।

जबकि बैंक को यह पुरस्कार दो श्रेणियों सक्ष्म,लघु उद्यमों को ऋण प्रदान करने में उत्कृष्टता और सक्ष्म उद्यमों को ऋण देने की उत्कृष्टता में दिया गया है। भारतीय महिला बैंक, इंडियन बैंक, आईडीबीआई, स्टेट बैंक ऑफ़ त्रावणकोर और स्टेट बैंक ऑफ़ हैदराबाद को ये पुरस्कार दिए गए।

आयोजन में एमएसएमई को डिजिटलीकरण से जोड़ने के लिए मंत्रालय की महत्वकांक्षी स्कीम डिजिटल एमएसएमई योजना का लोकार्पण भी किया गया। योजना के अंतर्गत सूक्ष्म, छोटे और मध्यम उद्यमों के लिए 1 लाख रुपये तक की प्रस्तावित सब्सिडी दी जाएगी। इस योजना का बजट लगभग 88 करोड़ रूपये है।

समारोह को संबोधित करते हुए एमएसएमई मंत्री कलराज मिश्र ने अवॅार्ड पाने वाली एमएसएमई इकाइयों को शुभकामनाएं दी और कहा कि जल्द ही क्लस्टर आधारित पुरस्कार को एमएसएमई के लिए शुरु किया जाएगा। मिश्र ने मंत्रालय की विभिन्न योजनाओं के बारे में बताते हुए कहा कि हमने व्यवस्था के सरलीकरण पर ध्यान दिया है।

साथ ही उन्होंने 30 जून को सेवा-निर्वृत्त हो रहे एमएसएमई मुख्य सचिव के. के. जालान को उनकी सेवाओं के लिए धन्यवाद भी दिया।

आयोजन में एमएसएमई को देश की अर्थव्यवस्था के लिए उपयोगी बताते हुए राज्य एमएसएमई मंत्री गिरिराज सिंह ने कहा कि मोदी सरकार के सत्ता में आने के बाद एमएसएमई को अत्यधिक महत्व दिया जा रहा है।

उन्होंने कहा कि आज के दिन को यूएन द्वारा अन्तर्राष्ट्रीय एमएसएमई दिवस का दर्जा दिया गया है, यह इस बात का प्रमाण है कि एमएसएमई सेक्टर ही पूरी दुनिया को तरक्की की राह पर ले जा सकता है। और भारत इस बात का जीता- जागता उदाहरण है।

इस मौके पर राज्य एमएसएमई राज्य मंत्री हरिभाई पार्थीभाई चौधरी ने एमएसएमई के महत्व को बताते हुए कहा कि एमएसएमई ने तेजस एयरक्राफ्ट और मंगलयान के भी कुछ कलपुर्जे बनाए हैं। इसी से इस सेक्टर के महत्व को समझा जा सकता है।

उन्होंने कहा कि रक्षा और रेलवे में एमएसएमई के लिए काफी संभावनाएं है। जिसमें एमएसएमई अच्छा प्रदर्शन कर सकती हैं।

एमएसएमई सेक्रेटरी के. के. जालान ने इस अवसर पर कहा कि पहले अधिक्तर एसएमई यानी लघु उद्यमों की बात होती थी। पहली बार यूएन ने भारत की वजह से एमएसएमई को मान्यता दी है अर्थात् सूक्ष्म उद्यम भी इसमें जुड़ गए है।

उन्होंने कहा कि हम हर साल एमएसएमई डे इस तरह उद्यमियों को सम्मानित करते हुए मनाते रहेंगे।

एमएसएमई मंत्रालय ने इस अवसर पर एसएपी इंडिया (SAP India), इंटेल और एचएमटी के साथ समझौता ज्ञापन (MoU) भी साइन किये गए।

एसएपी इंडिया (SAP India) के साथ समझौता के तहत मिनिस्ट्री ने भारत ईआरपी प्रोग्राम को शुरू किया है। इस प्रोग्राम के तहत डिजिटल एमएसएमई इकाईयों का निर्माण किया जाएगा। अनुमान है कि इस पहल से लगभग 30 हजार एमएसएमई और युवाओं को डिजिटलीकरण से जोड़ा जाएगा।

इंटेल के साथ साइन हुए मेमोरेंडम के तहत टूल रुम के जरिए स्किल इंडिया को बढ़ाया जाएगा।

एचएमटी के साथ हुए समझौते ज्ञापन के तहत उद्यमिता कौशल को बढ़ावा दिया जाएगा। इसके लिए मंत्रालय एचएमटी के साथ मिलकर टेक्निकल ट्रेनिंग सेंटर स्थापित करेगा।

कार्यक्रम के अंत में सभी मंत्रियों को चरखा बने हुए स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया और एमएसएमई अतिरिक्त सचिव एस एन त्रिपाठी द्वारा सभी को धन्यवाद दिया गया।

Shriddha Chaturvedi
ख़बरें ही मेरी दुनिया हैं, हाँ मैं पत्रकार हूँ
http://www.SMEpost.com

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

*